दूध-पनीर की जांच में चौंकाने वाला खुलासा, 12 में से 8 नमूने फेल, गुणवत्ता पर सवाल

Editor
4 Min Read
दूध-पनीर की जांच में चौंकाने वाला खुलासा, 12 में से 8 नमूने फेल, गुणवत्ता पर सवाल
WhatsApp Share on WhatsApp
add_action('wp_footer', 'jazzbaat_new_version_modal'); function jazzbaat_new_version_modal() { ?>
SW24news • Beta

अमृतसर.

अमृतसर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा चलाए गए विशेष अभियान के दौरान विभिन्न डेयरियों से लिए गए दूध और दुग्ध उत्पादों के नमूनों की जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। जांच रिपोर्ट के अनुसार कुल 12 नमूनों में से 8 नमूने निर्धारित मानकों पर खरे नहीं उतरे।

इतना ही नहीं, इनमें दो नमूने मानव उपभोग के लिए असुरक्षित पाए गए, जबकि छह नमूने गुणवत्ता के निर्धारित मानकों से कम पाए गए हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित डेयरियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

21 मई को लिए गए थे सेंपल
सहायक आयुक्त खाद्य डॉ. जी.एस. पन्नू ने बताया कि पंजाब खाद्य एवं औषधि प्रशासन के निर्देशों पर 21 मई को शहर की विभिन्न डेयरियों से दूध, पनीर, दही और अन्य दुग्ध उत्पादों के कुल 12 नमूने एकत्र किए गए थे। इन नमूनों को जांच के लिए खरड़ स्थित प्रयोगशाला भेजा गया था। जांच रिपोर्ट आने के बाद पता चला कि केवल चार नमूने ही निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पाए गए।

जानें किनके सेंपल हुए पास व फेल
रिपोर्ट के अनुसार रामतीर्थ मार्ग स्थित गिल डेयरी से लिए गए पनीर के दो नमूनों में से एक नमूना मानव उपभोग के लिए असुरक्षित पाया गया, जबकि दूसरा निम्न गुणवत्ता का निकला। पुतलीघर स्थित गुरु नानक डेयरी से लिया गया दूध का नमूना भी गुणवत्ता मानकों पर खरा नहीं उतरा। इसी तरह गुरु डेयरी से लिए गए दूध और पनीर के नमूने भी निर्धारित स्तर से नीचे पाए गए। जांच में शर्मा डेयरी का दही तथा छाबड़ा डेयरी का पनीर भी निम्न गुणवत्ता का पाया गया। इसके अलावा इंडिया गेट क्षेत्र स्थित ढिल्लों डेयरी से लिया गया पनीर का नमूना मानव उपभोग के लिए असुरक्षित घोषित किया गया है। यह तथ्य सबसे अधिक चिंताजनक माना जा रहा है क्योंकि ऐसे उत्पादों के सेवन से लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

कानूनी कार्रवाई करेगा सेहत विभाग
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन डेयरियों के नमूने फेल पाए गए हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि खाद्य पदार्थों में मिलावट या गुणवत्ता से समझौते को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डॉ. पन्नू ने उपभोक्ताओं से भी सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि दूध, पनीर, दही और अन्य खाद्य पदार्थ खरीदते समय गुणवत्ता, स्वच्छता और विश्वसनीयता का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। लोगों को केवल भरोसेमंद विक्रेताओं से ही खाद्य सामग्री खरीदनी चाहिए। खाद्य सुरक्षा विभाग का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। अधिकारियों का कहना है कि समय-समय पर बाजार से नमूने लेकर जांच की जाएगी ताकि लोगों तक सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ पहुंच सकें।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *