Samsung को नकल की मिली सजा! Swatch को देने होंगे 110 करोड़ रुपये

Editor
3 Min Read

 नई दिल्ली

सैमसंग को स्मार्टवॉच के वॉच-फेस ऐप्स से जुड़े एक मामले में बड़ा झटका लगा है. ब्रिटेन की हाई कोर्ट ने कंपनी को स्विस घड़ी कंपनी Swatch Group को 11.6 मिलियन डॉलर यानी करीब 110 करोड़ रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है. कोर्ट का यह फैसला ट्रेडमार्क के गलत इस्तेमाल से जुड़े मामले में आया है। 

आइए जानते हैं, क्यों देना होगा सैमसंग को मुआवजा?
यह पूरा मामला सैमसंग के Galaxy App Store पर मौजूद कुछ स्मार्टवॉच वॉच-फेस ऐप्स से जुड़ा है. ये ऐप्स साल 2015 से 2019 के बीच अवेलेबल थे. आरोप था कि कुछ थर्ड-पार्टी ऐप्स में स्वॉच ग्रुप के लग्जरी वॉच ब्रांड्स के डिजाइन और ट्रेडमार्क की नकल की गई थी। 

स्वॉच ग्रुप के पास Omega, Longines और Breguet जैसे कई बड़े और महंगे घड़ी ब्रांड हैं. कंपनी का कहना था कि इन ब्रांड्स के नाम और डिजाइन का इस्तेमाल बिना परमिशन के किया गया. इन ऐप्स को सैमसंग के प्लेटफॉर्म पर यूजर्स डाउनलोड कर सकते थे। 

रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटेन और यूरोप में ऐसे करीब 1.6 लाख डाउनलोड रिकॉर्ड किए गए थे. स्वॉच ने इस मामले में सैमसंग से करीब 170 मिलियन डॉलर यानी लगभग 1,500 करोड़ रुपये की मांग की थी. वहीं, सैमसंग का कहना था कि उसे सिर्फ करीब 300 डॉलर का भुगतान करना चाहिए। 

जानिए कोर्ट ने क्या कहा 
कोर्ट ने हालांकि सैमसंग को भी इस मामले में जिम्मेदार माना. जज ने कहा कि कंपनी ने इन ऐप्स को अपने प्लेटफॉर्म पर आने दिया और उसका ऐप रिव्यू सिस्टम भी ट्रेडमार्क के उल्लंघन को रोक नहीं पाया. यानी ऐप्स किसी थर्ड-पार्टी डेवलपर ने बनाए थे, लेकिन उन्हें प्लेटफॉर्म पर अवेलेबल  कराने में सैमसंग की भी जिम्मेदारी थी। 

जज ने यह भी कहा कि लग्जरी ब्रांड्स के डिजाइन को मुफ्त या बहुत कम कीमत पर अवेलेबल कराने से उन ब्रांड्स की वैल्यू और उनकी छवि को नुकसान हो सकता है. खासकर महंगे और प्रीमियम ब्रांड्स के लिए उनकी पहचान और डिजाइन काफी अहम होते हैं। 

इस फैसले के बाद अब सैमसंग के सामने मुआवजा देने का आदेश है. हालांकि कंपनी ने अभी इसे आखिरी फैसला नहीं माना है. सैमसंग इस मामले में अपील करने पर विचार कर रही है। 

यह मामला बड़ी टेक कंपनियों के लिए भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि इससे यह सवाल उठता है कि किसी प्लेटफॉर्म पर थर्ड-पार्टी ऐप्स में होने वाले ट्रेडमार्क उल्लंघन के लिए प्लेटफॉर्म कंपनी की कितनी जिम्मेदारी हो सकती है। 

TAGGED: ,
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live