बारिश से रांची के डैमों में बढ़ा पानी, लेकिन संकट अभी बरकरार

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बारिश से रांची के डैमों में बढ़ा पानी, लेकिन संकट अभी बरकरार
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रांची
राजधानी रांची में मॉनसून की धीमी रफ्तार के बीच पिछले दिनों हुई बारिश से शहर की प्यास बुझाने वाले तीनों प्रमुख डैमों (रूक्का, हटिया और गोंदा) का जलस्तर बढ़ा है. रूक्का और गोंदा डैम का जलस्तर दो-दो फीट, जबकि हटिया डैम का जलस्तर एक फीट बढ़ा है. हालांकि, यह बढ़ोतरी शहर की जलापूर्ति के लिहाज से राहतभरी जरूर है, लेकिन स्थिति अब भी पूरी तरह संतोषजनक नहीं है. एक जून से 12 जुलाई तक रांची में सामान्य से 11 प्रतिशत कम बारिश होने का असर डैमों में साफ दिखायी दे रहा है. तीनों जलाशयों का जलस्तर पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में इस बार पांच से 10 फीट तक कम है.

रूक्का डैम में जलापूर्ति योग्य सात फीट आठ इंच पानी
शहर की 80 फीसदी आबादी की प्यास बुझाने वाले रूक्का (गेतलसूद) डैम में फिलहाल 21 फीट आठ इंच पानी है. पिछले साल 12 जुलाई को यहां 32 फीट चार इंच पानी था. यानी इस बार पिछले साल की तुलना में डैम में लगभग 10 फीट कम पानी है. 36 फीट भंडारण क्षमता वाले इस डैम में क्षमता से लगभग 14 फीट कम पानी है. वर्तमान में जलापूर्ति योग्य सिर्फ सात फीट आठ इंच पानी ही शेष बचा है.

गोंदा डैम में क्षमता से आठ फीट कम है पानी
गोंदा (कांके) डैम का वर्तमान जलस्तर 20 फीट एक इंच है. 12 जुलाई 2025 को इस डैम में 26 फीट छह इंच पानी था. यानी इस बार जलस्तर करीब आठ फीट कम है. 28 फीट भंडारण क्षमता वाले इस डैम में भी क्षमता से लगभग आठ फीट कम पानी है. लगातार बारिश से जलस्तर में कुछ सुधार हुआ है, लेकिन लेकिन स्थिति अभी सामान्य नहीं हुई है.

रांची में औसत से 11 प्रतिशत कम बारिश
राजधानी रांची में इस वर्ष एक जून से अब तक सिर्फ 251.07 मिमी बारिश हुई है. जबकि, पिछले साल इस अवधि में 550 मिमी बारिश हुई थी. राजधानी में अब तक औसत से 11 प्रतिशत कम बारिश हुई है. राजधानी में इस अवधि में औसतन 284 मिमी बारिश होनी चाहिए थी.

गाद से रूक्का और कांके डैम की भंडारण क्षमता घटी
रूक्का व कांके डैम की भंडारण क्षमता गाद की वजह से घट गयी है. गोंदा डैम की भंडारण क्षमता 36 फीट है. इसमें 14 फीट गाद भर गया है. ऐसे में इससे कम जल स्तर होने पर पानी की सप्लाई नहीं हो सकती है. कांके डैम की भंडारण क्षमता 28 फीट है, पर इसमें भी सात फीट गाद भरा है. सात फीट से कम पानी होने पर जलापूर्ति नहीं हो सकती है.

हटिया डैम का जलस्तर पिछले साल से साढ़े पांच फीट कम
हटिया डैम में वर्तमान में 27 फीट सात इच पानी है. पिछले साल 12 जुलाई को यहां 32 फीट 11.5 इंच पानी दर्ज किया गया था. इस बार डैम में करीब साढ़े पांच फीट कम पानी है. 39 फीट भंडारपण क्षमता वाले इस जलाशय में फिलहाल क्षमता से 11 फीट पांच इंच कम पानी मौजूद है.

जलापूर्ति से हर रोज एक इंच कम होता है पानी
शहर में जलापूर्ति होने से प्रतिदिन राजधानी के तीनों डैम का जलस्तर औसतन एक इंच कम होता है. रूक्का, हटिया व कांके डैम से शहर की लगभग पांच लाख आबादी को जलापूर्ति की जाती है.

बूटी प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता चंदशेखर ने कहा
राजधानी में पिछले दिनों हुई बारिश से डैमों का जलस्तर बढ़ा है. शहर में जलापूर्ति से हर रोज डैग का जलस्तर एक इंच कम होता है. फिलहाल रूक्का डैम में सात फीट आठ इंच सप्लाई योग्य पानी है. अगर मॉनसून में अच्छी बारिश हुई, तो फिलहाल पेयजल संकट की समस्या उत्पन्न नहीं होगी.

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