रांची
राजधानी के बाजार में प्याज की कीमत में पिछले कुछ दिनों से लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। वर्तमान में पंडरा थोक मंडी में प्याज 35 से 42 रुपये किलो तक बिक रहा है, जबकि खुदरा बाजार में इसकी कीमत 45 से 50 रुपये किलो पहुंच गई है। कारोबारियों का कहना है कि कीमतों में यह तेजी फिलहाल नई फसल की आवक में देरी के कारण है।
वहीं पंडरा आलू-प्याज व्यवसायी संघ के सचिव रोहित कुमार ने बताया कि सामान्य तौर पर सावन की शुरुआत तक दक्षिण भारत की मंडियों से प्याज की नई फसल रांची पहुंचने लगती थी। इस वर्ष नई फसल की आवक में देरी हुई है। इसके कारण बाजार में उपलब्ध प्याज पर दबाव बढ़ा और कीमतों में तेजी देखने को मिली।
दो सप्ताह बाद राहत की उम्मीद
नुसार दक्षिण भारत से प्याज की नई फसल अगले दो सप्ताह के भीतर मंडियों में पहुंच सकती है। नई फसल की आवक शुरू होते ही बाजार में प्याज की उपलब्धता बढ़ेगी और कीमतों में कमी आने की उम्मीद है।
ऐसे में उपभोक्ताओं को फिलहाल करीब दो सप्ताह इंतजार करना पड़ सकता है। वहीं प्याज की कीमतों में तेजी 13 और 14 अगस्त से देखने को मिली। 14 अगस्त को पंडरा थोक मंडी में प्याज 28 से 30 रुपये किलो बिक रहा था।
कुछ ही दिनों में इसकी कीमत बढ़कर 42 रुपये किलो तक पहुंच गई। रांची में फिलहाल प्याज की आपूर्ति मुख्य रूप से मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र से हो रही है।
रोज पहुंच रहे 10 से 12 ट्रक
संघ के सदस्यों ने बताया कि रांची की मंडियों में प्रतिदिन करीब 10 से 12 ट्रक प्याज पहुंच रहे हैं। सावन के कारण आवक में मामूली कमी जरूर रही, लेकिन इसका खास असर थोक बाजार पर नहीं पड़ा है। वहीं पंडरा मंडी में सफेद आलू 7 से 8 रुपये, लाल आलू 10 से 12 रुपये और एलटी आलू 11 से 14 रुपये किलो बिक रहा है। वहीं लहसुन की कीमत 60 से 170 रुपये किलो और अदरक 130 से 140 रुपये किलो है।

