LPU हिंसा मामले में हाईकोर्ट सख्त, भड़काऊ पोस्ट डालने वालों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कार्रवाई के निर्देश

Editor
1 Min Read

चंडीगढ़.

इंटरनेट मीडिया पर किसी ऐसी घटना की झूठी सूचना प्रसारित करना, जो वास्तव में हुई ही नहीं, गंभीर कानून-व्यवस्था की समस्या पैदा कर सकता है।

पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने इस पर चिंता जताते हुए कहा कि ऐसी सूचना से अचानक हिंसा भड़क सकती है और जान-माल तथा संपत्ति का नुकसान हो सकता है। कोर्ट ने सवाल उठाया कि यदि किसी इंटरनेट मीडिया पोस्ट के कारण हिंसा और जान-माल का नुकसान होता है तो केवल पोस्ट डालने वाले व्यक्ति को जिम्मेदार ठहराना पर्याप्त होगा या फिर संबंधित इंटरनेट मीडिया मंच की भी जवाबदेही तय करने के लिए कोई व्यवस्था होनी चाहिए।

एलपीयू हिंसा पर क्या बोले चीफ जस्टिस?
चीफ जस्टिस  अश्वनी कुमार मिश्रा और जस्टिस  रोहित कपूर की खंडपीठ ने पंजाब सरकार की ओर से लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में झूठी सूचना के प्रसार से हुए हंगामे की जानकारी दिए जाने के बाद ये टिप्पणियां कीं।

TAGGED:
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live