पंजाब में 4 महीने में ₹30 करोड़ की साइबर ठगी, क्रिप्टो निवेश से वीजा फ्रॉड तक 13 बड़े मामले

Editor
4 Min Read
पंजाब में 4 महीने में ₹30 करोड़ की साइबर ठगी, क्रिप्टो निवेश से वीजा फ्रॉड तक 13 बड़े मामले
WhatsApp Share on WhatsApp
add_action('wp_footer', 'jazzbaat_new_version_modal'); function jazzbaat_new_version_modal() { ?>
SW24news • Beta

चंडीगढ़ 
 पंजाब में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहा है। पिछले चार महीनों के दौरान मोहाली और राज्य के विभिन्न जिलों में साइबर ठगों ने 30.14 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी को अंजाम दिया है। इस अवधि में ऑनलाइन धोखाधड़ी के 13 बड़े मामले सामने आए हैं, जिनमें निवेश, वीजा, नौकरी, प्रॉपर्टी और हनी ट्रैप जैसे तरीकों का इस्तेमाल कर लोगों को निशाना बनाया गया।

मामलों की शिकायत मिलने के बाद मोहाली साइबर क्राइम थाना, स्टेट क्राइम और स्टेट साइबर क्राइम पुलिस थानों में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। साइबर अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विशेषज्ञ टीमों को लगाया गया है।

क्रिप्टो निवेश के नाम पर 19.84 करोड़ की ठगी
सबसे बड़ा मामला लुधियाना के व्यवसायी जगदीप सिंघाल से जुड़ा है। साइबर ठगों ने उन्हें क्रिप्टोकरेंसी में निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देकर 19.84 करोड़ रुपये की ठगी का शिकार बनाया।

आरोपियों ने सोशल मीडिया के जरिए संपर्क कर उनका विश्वास जीता और एक फर्जी ट्रेडिंग वेबसाइट के माध्यम से निवेश करवाया। जांच में पता चला है कि ठगी की रकम 15 अलग-अलग बैंकों के 75 फर्जी खातों के जरिए निकाली गई।

फर्जी निवेश कंपनी बनाकर 3.62 करोड़ की धोखाधड़ी
होशियारपुर निवासी तरनजीत सिंह भल्ला से भी निवेश के नाम पर 3.62 करोड़ रुपये ठग लिए गए। आरोपियों ने ‘अटालिया’ नामक कंपनी में निवेश कराने के लिए सेबी और आरबीआई के कथित दस्तावेज दिखाए तथा हर महीने 3 प्रतिशत और सालाना 36 प्रतिशत रिटर्न का झांसा दिया। जब पीड़ित ने अपनी रकम वापस मांगी तो उसे जान से मारने की धमकियां भी दी गईं।

नौकरी, वीजा और हनी ट्रैप के जरिए भी ठगी
साइबर ठगों ने रेलवे में टिकट कलेक्टर की नौकरी दिलाने, बैंक ऋण से राहत दिलाने और पैसे दोगुने करने के नाम पर भी लोगों से लाखों रुपये ऐंठे।

हनी ट्रैप के मामलों में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। एक युवक को इंस्टाग्राम पर फर्जी महिला प्रोफाइल के जरिए जाल में फंसाया गया और अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उससे 4.50 लाख रुपये वसूल लिए गए।

वहीं, एक महिला को इंस्टाग्राम लिंक भेजकर निवेश का झांसा दिया गया और उससे 70 हजार रुपये की ठगी कर ली गई।

प्रॉपर्टी और ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म फ्रॉड भी सामने आए
खरड़ में एक दंपती ने सोशल मीडिया पर कोठी बेचने का विज्ञापन देकर छह लोगों से करीब 1.5 करोड़ रुपये का बयाना लिया। बाद में संपत्ति किसी अन्य व्यक्ति के नाम रजिस्ट्री करवा दी गई।

इसी तरह एचएसबीएस कैपिटल नामक फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म के जरिए चार लोगों से 27.88 लाख रुपये की ठगी की गई। शुरुआत में कुछ लाभ दिखाकर विश्वास जीता गया और बाद में निवेशकों की रकम ब्लॉक कर दी गई।

विदेश भेजने के नाम पर भी ठगी
जॉर्जिया, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा के वर्क वीजा दिलाने के नाम पर भी कई लोगों को निशाना बनाया गया। आरोपियों ने दर्जनों युवाओं से लाखों रुपये वसूल लिए, लेकिन न तो वीजा मिला और न ही रकम वापस की गई।

पुलिस ने जारी की एडवाइजरी
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से ऑनलाइन निवेश, सोशल मीडिया ऑफर और डिजिटल लेन-देन के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी निवेश योजना में पैसा लगाने से पहले संबंधित कंपनी की वैधता की जांच अवश्य करें और असामान्य रूप से अधिक रिटर्न के दावों पर भरोसा न करें।

पुलिस ने यह भी सलाह दी है कि साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल या नजदीकी साइबर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *