डीजल के दाम एक झटके में 40% बढ़े, सीरिया में मचा बवाल

Editor
4 Min Read

दमिश्क

कच्चे तेल की कीमतों में लगी आग का असर दुनिया भर में पेट्रोल-डीजल के दाम पर पड़ने लगा है। अभी भारत में फिलहाल राहत है, लेकिन सीरिया में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने पर लोगों का गुस्सा भड़क गया। वहां लोगों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाए और कई प्रमुख सड़कों को जाम कर दिया। इनमें राजधानी दमिश्क को औद्योगिक शहर अलेप्पो से जोड़ने वाला हाईवे भी शामिल है।

एक झटके में 40% बढ़ा दिया डीजल का दाम
रॉयटर्स के मुताबिक सीरिया की सरकार ने शनिवार को डीजल की कीमत 40% बढ़ाकर 175 सीरियाई पाउंड प्रति लीटर कर दी। यह करीब 1.32 डॉलर यानी लगभग ₹127 प्रति लीटर बैठता है। कीमतों में बढ़ोतरी ऐसे समय हुई है जब सीरिया की करीब 90% आबादी गरीबी रेखा के नीचे रह रही है। सीरियाई गृहयुद्ध शुरू होने से पहले 2011 में यह आंकड़ा करीब एक-तिहाई था।

पेट्रोल और गैस भी महंगी
सरकार ने डीजल के अलावा कई अन्य ईंधनों की कीमतों में भी बढ़ोतरी की है। घरेलू और औद्योगिक गैस की कीमत करीब 9% बढ़ाई गई है। वहीं, 95 ऑक्टेन पेट्रोल 28% बढ़कर 195 पाउंड और 90 ऑक्टेन पेट्रोल 26% बढ़कर 185 पाउंड प्रति लीटर हो गया है।

दुनिया के कई देशों में किमतें आसमान पर, लेकिन भारत में राहत
युद्ध के बाद से भारत में अभी तक पेट्रोल-डीजल के रेट में करीब 8 प्रतिशत की ही बढ़ोतरी की गई है। वहीं, पेट्रोल-डीजल महंगा करने वाले टॉप 5 देशों की बात करें तो नाइजीरिया पेट्रोल के मामले में टॉप पर है। यहां पेट्रोल 60.7 प्रतिशत महंगा हुआ है। जबकि, डीजल 92.3 प्रतिशत।

यूएई में पेट्रोल 58.4 प्रतिशत महंगा हुआ है तो डीजल के दाम 70.6 प्रतिशत बढ़े हैं। म्यांमार में पेट्रोल 55.4 और डीजल 71.9 प्रतिशत महंगा हुआ है। मलेशिया में पेट्रोल करीब डेढ़ गुना महंगा हो गया तो डीजल के दाम 56 प्रतिशत से अधिक उछल गए हैं।

अगर केवल डीजल की बात करें इंडेनेशिया दूसरा सबसे अधिक महंगाई की मार झेल रहा है। यह डीजल करीब 87 प्रतिशत महंगा हो चुका है। इसके बाद लेबनान है जहां डीजल 80 प्रतिशत महंगा हुआ है।

रूस से तेल सप्लाई पर भी दबाव
सीरिया के ऊर्जा मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुलहमीद सलात के मुताबिक, वैश्विक स्तर पर ईंधन खरीद की लागत बढ़ने और आयात पर सीरिया की भारी निर्भरता के कारण यह फैसला लिया गया है। परिस्थितियां बदलने पर कीमतें फिर घटाई या बढ़ाई जा सकती हैं।

सीरिया इस साल रूस से करीब 60,000 बैरल कच्चा तेल प्रतिदिन आयात कर रहा है। हालांकि दमिश्क ने अमेरिका से कहा है कि वह रूसी तेल की खरीद में भारी कटौती करने को तैयार है।

यूक्रेन के रूसी रिफाइनरियों पर हमलों से रूस में ईंधन उत्पादन प्रभावित हुआ है। इसके बाद मॉस्को ने पेट्रोल और डीजल के निर्यात पर भी पाबंदियां लगाई हैं। इससे सीरिया की तेल क सप्लाई पर दबाव और बढ़ गया है।

सबसे बड़ी बनियास रिफाइनरी बंद: इसके अलावा सीरिया की सबसे बड़ी बनियास रिफाइनरी करीब तीन महीने से बंद है। यहां पहली बार बड़े स्तर पर रखरखाव का काम चल रहा है, जिससे ईंधन की कमी और गहरा गई है।

फरवरी से पेट्रोल 86% और डीजल दोगुने से ज्यादा महंगा
नई बढ़ोतरी के बाद सीरिया में 95 ऑक्टेन पेट्रोल की कीमत फरवरी के मुकाबले करीब 86% बढ़ चुकी है, जबकि डीजल की कीमत दोगुने से भी ज्यादा हो गई है। इस दौरान अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब 44% बढ़कर 72 डॉलर से 107 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गई है।

TAGGED: ,
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live