कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ वारंट जारी, कोर्ट ने पेश होने का दिया आदेश; जानिए पूरा मामला

Editor
5 Min Read

नई दिल्ली

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की मुसीबत बढ़ गई है. मल्लिकार्जुन खरगे (मल्लिकार्जुन खड़गे) के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी हुआ है. पंजाब में संगरूर की अदालत ने मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है. उन्हें 19 सितंबर तक पेश होने को कहा गया है. यहां ध्यान देने वाली बात है कि मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ जारी यह वारंट जमानती है. हालांकि, उन्हें अदालत में पेश होकर जमानत लेनी होगी. बता दें कि कर्नाटक चुनाव के दौरान बजरंग दल की तुलना पीएफआई से करने पर मल्लिकार्जुन खरगे की मुसीबत बढ़ी है.

दरअसल, यह मामला 2023 के कर्नाटक विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान की गई टिप्पणियों को लेकर बजरंग दल द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत से जुड़ा है. शिकायत के अनुसार, मल्लिकार्जुन खरगे ने कांग्रेस के चुनावी घोषणापत्र में बजरंग दल की तुलना प्रतिबंधित संगठन PFI से की थी. तब कहा था कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में आती है, तो वह बजरंग दल पर प्रतिबंध लगा देगी. इस मामले में अब अदालती कार्यवाही चल रही है. मामला अब न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है और अदालत इस मामले में अगला कदम उठा रही है.

संगरूर की अदालत के फैसले के मुताबिक, अदालत ने मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ 15,000 रुपये का जमानती वारंट जारी किया है. अगर 19 सितंबर 2026 को मल्लिकार्जुन खरगे अदालत में पेश नहीं होते हैं तो फिर उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया जाएगा. इससे पहले अदालत ने मल्लिकार्जुन खरगे को नोटिस जारी किया था.

किस केस में फंसे कांग्रेस अध्यक्ष खरगे?
दरअसल, ये मामला साल 2023 का है. इस मामले में पंजाब के संगरूर निवासी हितेश भारद्वाज की शिकायत पर कोर्ट ने कार्रवाई है. हितेश भारद्वाज बजरंग दल से जुड़े हुए हैं. उन्होंने अपनी शिकायत में कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा दिए गए उस बयान का जिक्र किया गया है, जिसमें उन्होंने बजरंग दल की तुलना पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) से की थी. इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस की सरकार बनने पर बजरंग दल पर प्रतिबंध लगाने की भी बात कही थी। 

कोर्ट ने जारी किया 15 हजार का जमानती वारंट
इसी मामले में संगरूर की अदालत ने कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे के खिलाफ 15,000 रुपये का जमानती वारंट जारी किया है. जानकारी के मुताबिक, पहले इस मामले को सिविल प्रकृति का माना गया लेकिन अब अदालत ने इसे आपराधिक प्रकृति का मानते हुए आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। 

कांग्रेस अध्यक्ष को खुद होना होगा कोर्ट में पेश
संगरूर की अदालत ने खरगे को वारंट जारी करते हुए स्पस्ट किया है कि अगर मल्लिकार्जुन खड़गे अगली सुनवाई की तारीख 19 सितंबर को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश नहीं होते हैं, तो उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट (NBW) भी जारी किया जा सकता है. बता दें कि कोर्ट ने इससे पहले भी मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ नोटिस जारी किया था। 

जानें क्या है पूरा मामला?
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पर बजरंग दल और प्रतिबंधित पीएफआई में तुलना करने का आरोप लगा है. इसी मामले में हिंदूवादी संगठन ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पर सौ करोड़ की मानहानि का केस किया है. याचिकाकर्ता ने संगरूर जिला अदालत में कहा था कि 2023 के कर्नाटक विधानसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में बजरंग दल की तुलना सिमी और अल-कायदा जैसे राष्ट्र-विरोधी संगठनों से की थी। 

क्या है पूरा मामला
दरअसल, खरगे पर बजरंग दल और प्रतिबंधित पीएफआई में तुलना करने का आरोप लगा है. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पर हिन्दूवादी संगठन ने सौ करोड़ की मानहानि का केस किया है. संगरूर जिला कोर्ट में याचिकाकर्ता ने कहा था कि 2023 कर्नाटक विधानसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में बजरंग दल की तुलना ‘सिमी और अल-कायदा जैसे राष्ट्र-विरोधी संगठनों’ से की थी.

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live