26 अप्रैल को राजधानी में 986 महिला आरक्षियों की दीक्षांत परेड, सीएम योगी लेंगे सलामी

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26 अप्रैल को राजधानी में 986 महिला आरक्षियों की दीक्षांत परेड, सीएम योगी लेंगे सलामी
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लखनऊ.
आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती-2025 के तहत चयनित 60,244 आरक्षियों में से पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ की आरटीसी में प्रशिक्षण प्राप्त 986 महिला रिक्रूट आरक्षियों की दीक्षांत परेड 26 अप्रैल को रिजर्व पुलिस लाइंस, महानगर, लखनऊ में आयोजित होगी। परेड का निरीक्षण कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सलामी लेंगे। प्रशिक्षण के दौरान इन महिला आरक्षियों को आधुनिक पुलिसिंग से लेकर साइबर क्राइम तक का प्रशिक्षण दिया गया है। कार्यक्रम सुबह करीब 8 बजे शुरू होगा और इसे प्रदेश के सभी जनपदों के पुलिस लाइंस, पीएसी वाहिनियों व प्रशिक्षण संस्थानों में लाइव टेलीकास्ट किया जाएगा। इससे एक साथ पूरे प्रदेश में महिला सशक्तीकरण के साथ-साथ पुलिस बल में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी का भी मजबूत संदेश जाएगा।

2017 के बाद महिलाओं की रिकॉर्ड भर्ती
1947 से लेकर 2017 तक यूपी पुलिस में सिर्फ 10 हजार महिलाओं की भर्ती हुई थी, जबकि 2017 के बाद यह संख्या 44 से 45 हजार पहुंच गई है। अब प्रदेश में पुलिस भर्ती होने पर 20 प्रतिशत महिलाओं की भर्ती को अनिवार्य कर दिया गया है।

फिजिकल ट्रेनिंग के साथ कानून, तकनीक, अनुशासन और व्यावहारिक पुलिसिंग पर फोकस
आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती-2025 के तहत प्रशिक्षण प्राप्त कर रहीं महिला आरक्षियों को फिजिकल ट्रेनिंग के साथ-साथ आधुनिक पुलिसिंग के सभी जरूरी पहलुओं में प्रशिक्षित किया गया है। प्रशिक्षण में सोशल पुलिसिंग, साइबर क्राइम की रोकथाम, आधुनिक तकनीक, सीसीटीएनएस, फॉरेंसिक साइंस व मेडिसिन, हथियार संचालन, अपराध नियंत्रण, विवेचना, पुलिस अभियोजन, सुरक्षा व्यवस्था, आपदा प्रबंधन, यातायात प्रबंधन और पुलिस रेडियो संचार प्रणाली जैसे विषय शामिल रहे।

आधुनिक, संवेदनशील और सक्षम पुलिस कर्मी के रूप में किया गया तैयार 
इसके साथ ही भारतीय संविधान, मानवाधिकार, लैंगिक संवेदनशीलता, पुलिस की कार्यप्रणाली, अनुशासन, नैतिकता और जवाबदेही पर भी विशेष जोर दिया गया। व्यावहारिक प्रशिक्षण के तहत आरक्षियों को गार्ड ड्यूटी, बंदी एस्कॉर्ट, हवालात ड्यूटी, वर्दी पहनने के नियम, अधिकारियों की वर्दी पहचान, सैल्यूट की विधि, योग, खेल और श्रमदान जैसी गतिविधियों में भी दक्ष बनाया गया। यह प्रशिक्षण महिला आरक्षियों को आधुनिक, संवेदनशील और सक्षम पुलिस कर्मी के रूप में तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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