चंडीगढ़.
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शुक्रवार को चंडीगढ़ पहुंचे तो इस शहर से जुड़ी यादें ताजा करते हुए अपना जुड़ाव दिखाया। पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज (पेक) में आयोजित कार्यक्रम से 10 परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इसके साथ ही पीजीआई में एमबीबीएस कॉलेज को मंजूरी दी।
इससे चंडीगढ़ उत्तर भारत में एकमात्र ऐसा शहर बन जाएगा, जहां दो मेडिकल कॉलेज होंगे। अभी सेक्टर-32 स्थित गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (जीएमसीएच) में एमबीबीएस की पढ़ाई हो रही है। पीएम मोदी दोपहर 1 बजकर 50 मिनट पर चंडीगढ़ पहुंचे। पेक से उन्होंने करीब 23 मिनट तक संबोधित किया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ की पहचान मां चंडी के आशीर्वाद से है। यह केवल एक शहर नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए एक डेवलपमेंट मॉडल है।
यहां का विकास केवल शहरवासियों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा लाभ हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, पंजाब और जम्मू-कश्मीर के लाखों लोगों को भी मिलता है। यह शहर सुनियोजित विकास, आधुनिक सुविधाओं और बेहतर जीवनशैली का प्रतीक है। प्रधानमंत्री ने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि जब वे चंडीगढ़ में रहता थे, तब अक्सर पीजीआई आना पड़ता था। उन्होंने बताया कि वर्ष 2015 में पीजीआई के दीक्षांत समारोह में आने का अवसर मिला था और पिछले एक दशक में संस्थान की स्वास्थ्य सेवाओं एवं बुनियादी ढांचे में उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार लगातार स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने और आधुनिक चिकित्सा सेवाओं का विस्तार करने के लिए कार्य कर रही है, जिसका बड़ा लाभ चंडीगढ़ सहित पूरे उत्तरी भारत को मिल रहा है।
पीजीआई में एमबीबीएस पाठ्यक्रम को मंजूरी मिलने से देश के मेधावी छात्रों को देश के शीर्ष संस्थानों में पढ़ने का अवसर मिलेगा और यह संस्थान भविष्य में चिकित्सा अनुसंधान तथा नवाचार के बड़े केंद्र बनेंगे। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के लिए व्यापक स्तर पर काम किया गया है। 15 नए एम्स को मंजूरी दी गई, अनेक नए मेडिकल कॉलेज और कैंसर अस्पताल बनाए गए तथा होमी भाभा कैंसर अस्पताल जैसे संस्थान लोगों की सेवा कर रहे हैं। आयुष्मान भारत योजना, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, ई-संजीवनी टेलीमेडिसिन सेवा और क्रिटिकल केयर ब्लॉक जैसी योजनाओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि अब स्वास्थ्य सेवाएं गांवों तक पहुंच रही हैं। प्रधानमंत्री ने बताया कि आज देश में 90 प्रतिशत से अधिक प्रसव संस्थागत हो रहे हैं। पहले डॉक्टर बनने के लिए सीटें बहुत कम थीं, लेकिन अब मेडिकल सीटों की संख्या लगभग दोगुनी हो चुकी है।
रिटायर्ड आईपीएस इंद्रजीत की मंच से सराहना
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन शुरू होने के बाद चंडीगढ़ ने लगातार बेहतर प्रदर्शन किया है। उन्होंने स्वच्छता अभियान से जुड़े रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी इंद्रजीत सिंह के योगदान का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने झाड़ू को जन आंदोलन का प्रतीक बनाया और उनकी सेवाओं के सम्मान में केंद्र सरकार ने उन्हें पद्मश्री से सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के दौरे से पहले शहर में चलाया गया "स्वच्छता से स्वागत" अभियान सराहनीय है। स्वच्छता केवल सफाई का विषय नहीं बल्कि अनेक बीमारियों की रोकथाम का प्रभावी माध्यम भी है। इसके लिए उन्होंने चंडीगढ़ के नागरिकों और प्रशासन को बधाई दी।
कोरोना का जिक्र, स्वास्थ्य क्षेत्र में बदलाव गिनाए
प्रधानमंत्री ने कहा कि कभी भारत की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठाए जाते थे, लेकिन कोरोना महामारी के दौरान पूरी दुनिया ने भारत की क्षमता देखी। उन्होंने कहा कि भारत मदद मांगने वाला देश नहीं रहा, बल्कि दुनिया के अनेक देशों तक दवाइयां और वैक्सीन पहुंचाने वाला देश बना। यह पिछले 12 वर्षों की ईमानदार कोशिशों का परिणाम है।
चंडीगढ़ बना डिजिटल गवर्नेंस का मॉडल
प्रधानमंत्री ने कहा कि चंडीगढ़ देश में अनेक आधुनिक व्यवस्थाओं की शुरुआत का केंद्र रहा है। भारतीय न्याय संहिता लागू करने की प्रक्रिया हो, इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी), स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन या डिजिटल गवर्नेंस इन क्षेत्रों में चंडीगढ़ ने नई पहचान बनाई है। उन्होंने बताया कि इन परियोजनाओं पर 2,500 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए गए हैं।
रेल और परिवहन परियोजनाओं का भी किया उल्लेख
प्रधानमंत्री ने कहा कि क्षेत्रीय संपर्क बढ़ाने के लिए जालंधर में रेल परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है, जिसका लाभ पंजाब के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों को भी मिलेगा। उन्होंने बताया कि हरियाणा से देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन शुरू की है, जो हरित परिवहन की दिशा में बड़ा कदम है। कार्यक्रम के अंत में प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा और एनडीए सरकार विकास, आधुनिक बुनियादी ढांचे, बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं और कनेक्टिविटी को मजबूत करने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है तथा चंडीगढ़ इस विकास यात्रा का महत्वपूर्ण केंद्र बना रहेगा।
सांसद मनीष तिवारी से मिलाया हाथ, की बातचीत
पीएम ने पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कार्यक्रम को संबोधित किया। मंच पर पंजाब के राज्यपाल एवं यूटी प्रशासक गुलाब चंद कटारिया और चंडीगढ़ के सांसद मनीष तिवारी भी मौजूद रहे। पीएम मोदी ने मनीष तिवारी से हाथ मिलाया और उनसे बातचीत की।
