उज्जैन-नागदा में बच्चों की तस्करी का शक, ट्रेन से 26 नाबालिगों को छुड़ाया गया

Editor
3 Min Read

उज्जैन

उज्जैन रेलवे स्टेशन पर गुरुवार रात बच्चों की तस्करी की सूचना पर बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन को उज्जैन और फिर नागदा स्टेशन पर रोककर पुलिस, बाल कल्याण समिति (CWC) और अन्य विभागों की टीम ने 26 नाबालिग बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला।

जानकारी के मुताबिक, बाल कल्याण समिति को सूचना मिली थी कि करीब 100 बच्चों को मजदूरी के लिए मुजफ्फरनगर से अहमदाबाद ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही उज्जैन में चार थानों का बल, आरपीएफ, जीआरपी, श्रम विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम को अलर्ट किया गया।

गुरुवार रात करीब 11 बजे जैसे ही अंत्योदय एक्सप्रेस उज्जैन स्टेशन पहुंची, टीम ने ट्रेन में सर्चिंग शुरू की। करीब आधे घंटे तक 50 से अधिक बच्चों और उनके साथ मौजूद लोगों से पूछताछ की गई, जिसमें शुरुआती तौर पर 4 बच्चों को रेस्क्यू किया गया। इसी दौरान ट्रेन आगे बढ़ गई।

रेस्क्यू ऑपरेशन का नेतृत्व कर रहीं सीएसपी दीपिका शिंदे ने तत्काल नागदा स्टेशन को सूचना देकर ट्रेन रुकवाई। वहां एक घंटे तक चली सर्चिंग के बाद 22 और नाबालिग बच्चों को ट्रेन से उतारा गया। इस तरह कुल 26 बच्चों को रेस्क्यू किया गया।

नागदा से उतारे गए सभी बच्चे नाबालिग बताए जा रहे हैं, जिनमें से दो की उम्र 14 साल से भी कम है। सभी बच्चों को फिलहाल उज्जैन जीआरपी को सौंप दिया गया है। परिजनों से संपर्क कर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी, वहीं बच्चों को फिलहाल CWC उज्जैन में रखा जाएगा।

पुलिस को आशंका है कि बच्चों को मजदूरी के लिए गुजरात ले जाया जा रहा था, हालांकि कुछ बच्चे सोमनाथ और अन्य स्थानों पर घूमने जाने की बात भी कह रहे हैं। मामले की जांच जारी है।

श्रम विभाग की सहायक आयुक्त राखी जोशी के अनुसार, सूचना थी कि चार लोग 100 से अधिक नाबालिगों को गुजरात ले जा रहे हैं। फिलहाल यह पता लगाया जा रहा है कि बच्चों को किस उद्देश्य से और किन लोगों द्वारा ले जाया जा रहा था।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live