8वें वेतन आयोग से पहले पेंशन पर बड़ा फैसला संभव, OPS विकल्प पर बढ़ी चर्चा

Editor
3 Min Read

 नई दिल्‍ली

देशभर में 8वें वेतन आयोग को लेकर बैठक चल रही है. इस बीच, केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए पेंशन स्‍ट्रक्‍चर को लेकर एक बड़ा बदलाव हो सकता है. इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, मौजूदा रिटायरमेंट सिस्‍टम के तहत सरकारी कर्मचारियों को अपनी पेंशन विकल्‍प चुनने में ज्‍यादा लचीलापन देने के संबंध में चर्चा चल रही है।

केंद्रीय सरकारी कर्मचारी संघ के एक सदस्य ने बताया कि अगर बातचीत सकारात्मक तौर पर जारी रहती है, तो अगले दो से चार महीनों के भीतर प्रस्ताव पर आगे कार्रवाई हो सकती है. हालांकि, अभी तक कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की गई है।

अपनी पसंद की पेंशन सेलेक्‍ट करने का विकल्‍प
पेंशन में लचीलेपन और कर्मचारियों की पसंद को लेकर पॉजिटिव बातचीत हो रही है. कर्मचारी रिटायरमेंट बेनिफिट्स के संबंध में ज्‍यादा क्लियरटी और सुरक्षा चाहते हैं. अगर बातचीत सही रहती है और प्रस्‍ताव मान लिया जाता है तो आगे कर्मचारियों को अपनी पसंद का पेंशन मिल सकता है।

पुराने पेंशन बहाली की मांग
यह घटना महत्वपूर्ण है क्योंकि चल रहे 8वें वेतन आयोग के परामर्शों के दौरान NPS वाले कर्मचारियों के बीच पेंशन संबंधी चिंताएं सबसे बड़े मुद्दों में से एक के रूप में उभरी हैं. इनमें से ज्‍यादातर कर्मचारी पुराने पेंशन बहाली को लेकर आयोग से मांग कर रहे हैं।

अभी NPS के जरिए मिलता है पेंशन
अभी 1 जनवरी 2004 के बाद भर्ती किए गए ज्‍यादातर केंद्रीय कर्मचारी नेशनल पेंशन सिस्‍टम के तहत आते हैं, जो कंट्रीब्‍यूशन बेस्‍ड है और मार्केट के प्रदर्शन पर रिटर्न मिलता है. NPS के तहत कर्मचारी अपने सैलरी का एक हिस्‍सा पेंशन में योगदान देता है, जबकि सरकार भी अलग से योगदान देती है।

इसके बाद, मार्केट रिटर्न और जमा फंड पर निर्भर करता है कि आपको कितना पेंशन मिलेगा. जबकि पुरानी पेंशन योजना (OPS) अंतिम प्राप्त वेतन और महंगाई भत्ता (DA) से जुड़ी गारंटीकृत पेंशन देती थी।

यूपीएस का भी है विकल्‍प
हाल ही में सरकार ने यूनिफाइड पेंशन योजना (UPS) शुरू की है, जो कंट्रीब्‍यूश्‍न बेस्‍ड पेशन को कुछ तय पेंशन सुरक्षा देती है. चर्चाओं में शामिल कर्मचारी प्रतिनिधियों के अनुसार, नए प्रस्‍ताव से कर्मचारियों को पेंशन सिस्‍टम के भीतर अलग-अलग पेंशन विकल्‍पों में से चुनने की अनुमति मिल सकती है।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube Reporters Support Directors Live